मिस वर्ल्ड ब्यूटी पेजेंट से जुड़े ये अनकहे रहस्य आप को कहाँ मालूम होंगे! अब जान लो!

मिस वर्ल्ड कॉन्टेस्ट में हमें देखने को मिलती हैं दुनिया भर की सबसे सुन्दर लड़कियाँ और फिर हमारा ध्यान किसी और बात की तरफ़ नहीं जाता!

लेकिन इस कॉन्टेस्ट के कुछ ऐसे राज़ भी हैं जो आपको चौंका देंगे और सोचने पर मजबूर कर देंगे!

हो जाइए तैयार इन गज़ब के रहस्यों को जानने के लिए:

1) दुनिया भर के ख़ास पैजेंट्स में से सिर्फ़ यही एक है जिसकी दो विजेता लड़कियाँ जीतने के बाद या तो हटाई गयीं या उन्हें इस्तीफ़ा देना पड़ा! पहली थीं 1974 की विजेता, इंग्लैंड की हेलेन मॉर्गन जिन्होंने जीत के चार दिनों बाद ही इस्तीफ़ा दे दिया क्योंकि वो एक बच्चे की माँ थीं! दूसरी थीं 1980 की विजेता जर्मनी की गैब्रिएला ब्रम जिन्हें इस्तीफ़ा देना पड़ा क्योंकि उनकी नग्न तसवीरें मीडिया के सामने आ गयी थीं!

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2) सबसे ज़्यादा मिस वर्ल्ड सुंदरियाँ देने का ख़िताब जाता है वेनेज़ुएला को जिसने आज तक दुनिया को 6 मिस वर्ल्ड दी हैं!

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3) इस पेजेंट की सबसे बड़ी उम्र की विजेता रहीं पोलैंड की अनेता क्रेगलिका जिन्होंने ये ख़िताब 1989 में जीता जब वो 24 साल और 244 दिनों की थीं! और सबसे छोटी उम्र में ये ख़िताब जीतने वाली रहीं पोर्तो रिको की विल्नेलिआ मर्सेड जिन्होंने 1975 में ये जीत हासिल की, मात्र 18 साल और 39 दिनों की उम्र में!

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4) ऐसा बहुत बार हुआ है कि एक ही देश से एक से ज़्यादा सुंदरियों ने ये ख़िताब जीता! सबसे ज़्यादा अंतराल के बाद ये ख़िताब जीतने वाला देश है पेरू जहाँ पहली जीत हासिल हुई 1967 में और दूसरी जीत हासिल हुई 2004 में! लेकिन सबसे कम अंतराल में जीत हासिल करने वाले देश रहे स्वीडन (1951, 1952), इंग्लैंड (1964, 1965) और भारत (1999, 2000)!

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5) आज तक ऐसा केवल सात बार ही हुआ है कि मिस वर्ल्ड जीतने वाली लड़की उसी देश की थी जिस देश में उस साल का पेजेंट ऑर्गनाइज़ किया जा रहा था!

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6) मिस वर्ल्ड कॉन्टेस्ट हर साल एक ही तारीख़ को नहीं होता इसलिए हर मिस वर्ल्ड की राज की अवधी बदलती रहती है! इसके अनुसार जिस मिस वर्ल्ड का राज सबसे ज़्यादा चला वो हैं स्वीडन की कर्स्टिन हकन्स्सन जो 1 साल 3 महीने और 16 दिन तक मिस वर्ल्ड रहीं! जिस मिस वर्ल्ड का राज सबसे कम दिन चला वो हैं वेनेज़ुएला की ईवीएन सार्कोस जो मात्र 9 महीने और 12 दिन के लिए ही मिस वर्ल्ड रहीं!

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7) 1951 में इस कॉन्टेस्ट की शुरुआत हुई फ़ेसटिव बिकिनी कॉन्टेस्ट के नाम से जिसका उद्देशय था उन दिनों में नए-नए स्विम सूट को सेलिब्रेट करना! लेकिन मीडिया ने इसका नाम मिस वर्ल्ड रख दिया! जब इसके प्रेसिडेंट, एरिक मोर्ले को ये पता चला कि 1952 में मिस यूनिवर्स कॉन्टेस्ट का आयोजन होने वाला है तो इन्होंने मिस वर्ल्ड को एक सालाना कॉन्टेस्ट का रूप दे दिया!

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आशा है इन रहस्यों को जानकार आप भी चकित रह गए होंगे! अब देखते हैं कि अगले साल कि विजेता किस देश से आती हैं और क्या नया कीर्तिमान स्थापित होगा इस कॉन्टेस्ट में!

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